आसमान से भी ऊंचा कौन है?

पिता के संस्कारों ने पहुंचाया शिखर पर : पिता द्वारा दिए गए अच्छे संस्कारों का ही नतीजा है कि आज इस मुकाम पर हूं। उनके बताए रास्ते पर चलते हुए ही उन्हें जीवन में सफलता हासिल की है।