एक हिंदू कितनी शादी कर सकता है?

(धारा १२)। (१) अब हर हिंदू स्त्रीपुरुष दूसरे हिंदू स्त्रीपुरुष से विवाह कर सकता है, चाहे वह किसी जाति का हो। (२) एकविवाह तय किया गया है। द्विविवाह अमान्य एवं दंडनीय भी है।