फौजदारी और दीवानी मामलों में क्या अंतर है?

दीवानी मामले निजी गलतियों से संबंधित होते हैं, जबकि फौजदारी मामले सार्वजनिक गलतियों से संबंधित होते हैं (कानूनी भाषा में दीवानी मामले केवल पार्टियों से ही संबंधित होते हैं ) । फौजदारी मामले आपराधिक कानून के अंतर्गत उठाए गए कानूनी मामले होते हैं।