Go mata ki aarti

Gau Mata Ki aartiॐ जय जय गौमाता, मैया जय जय गौमाता ।जो कोई तुमको ध्याता, त्रिभुवन सुख पाता । । मैया जय । ।सुख समृद्धि प्रदायनी, गौ की कृपा मिले ।जो करे गौ की सेवा, पल में विपत्ति टले । । मैया जय । ।आयु ओज विकासिनी, जन जन की माई ।शत्रु मित्र सुत जाने, सब की सुख दाई । । मैया जय । ।सुर सौभाग्य विधायिनी, अमृती दुग्ध दियो ।अखिल विश्व नर नारी, शिव अभिषेक कियो । । मैया जय । ।ममतामयी मन भाविनी, तुम ही जग माता ।जग की पालनहारी, कामधेनु माता । । मैया जय । ।संकट रोग विनाशिनी, सुर महिमा गायी ।गौ शाला की सेवा, संतन मन भायी । । मैया जय । ।गौ माँ की रक्षा हित, हरी अवतार लियो ।गौ पालक गौपाला, शुभ सन्देश दियो । । मैया जय । ।श्री गौमात की आरती, जो कोई सुत गावे ।”पदम्” कहत वे तरणी, भव से तर जावे । । मैया जय । ।